राजनांदगांव . हाइसे से लगे हुए गांव के चौक-चौराहों पर मवेशियों का जमघट लगा रहता है। इसके चलते लोग हादसे का शिकार हो रहे हैं। भारी वाहनों की चपेट में आने से मवेशियों की जान जा रही है।
रविवार रात को टेड़ेसरा जीई रोड चौक पर चार मवेशी हादसे में मारे गए। आए दिन जानवर हादसे का शिकार हो रहे हैं। ग्राम पंचायत चुप्पी साधे बैठे हुए हैं। गांव के किसान जानवर पालक भी अपनी जानवरों को घरों पर नहीं रखने के कारण जी रोड पर ही बैठकर रात बिताते हैं जिसकी वजह से कई जानवर हादसे में मारे गए हैं।
ग्राम पंचायत के सरपंचों के द्वारा चौक चौराहों पर बैठे हुए जानवरों के प्रति किसी भी प्रकार की कोई पहल नहीं करने की वजह से बड़ी दुर्घटनाएं घट रही है।
छत्तीसगढ़ शासन के द्वारा नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी का नारा लगाया जाता है। गांव- गांव में गौठान का भी निर्माण कराया गया है। इसके बावजूद जानवर बाहर विचरण करते हैं। गौठान निर्माण एक तरह से ढकोसला बना हुआ है। कई स्थानों पर तो आज भी ना तो चारा है और नहीं पानी की व्यवस्था जिसकी वजह से जानवर को वहां रख पाना भी संभव नहीं है।