छत्तीसगढ़ में ED के अफसरों ने फिर से छापा मारा है। नया रायपुर स्थित श्रम आयुक्त के कार्यालय और GST भवन में दस्तावेजों की जांच की जा रही है। साथ ही अफसरों से भी पूछताछ की है। ED की टीम वहां रजिस्टर और दूसरे दस्तावेज खंगाल रही है। बताया जा रहा है कि जिस वक्त ED ने इंद्रावती भवन में दबिश दी उस वक्त श्रमायुक्त दफ्तर इंद्रावती भवन में अफसरों की मीटिंग चल रही थी।

जानकारी अनुसार, ED की एक टीम ने नवा रायपुर के कैपिटल कॉम्पलेक्स स्थित इंद्रावती भवन में छापा मारा। वहीं दूसरी टीम नवा रायपुर में ही स्थित GST भवन पहुंची है। कार्यालय में किसी के आने-जाने पर रोक लगा दी गई है। अधिकारियों ने विभिन्न दस्तावेजों की तलाश शुरू कर दी है। ED के अधिकारी सीआरपीएपफ जवानोें के साथ पहुंचे है।
सन्नी अग्रवाल के घर छापे से जुड़ रही है कड़ी
ED ने सोमवार को कांग्रेस नेता सुशील सन्नी अग्रवाल के घर पर छापा मारा था। सन्नी अग्रवाल भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष हैं। इसकी वजह से श्रम आयुक्त कार्यालय में छापे को इससे जोड़ा जा रहा है। बताया जा रहा है, ED ने मंगलवार देर तक सन्नी अग्रवाल के यहां जांच और पूछताछ की थी।
बता दें कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन से पहले प्रवर्तन निदेशालय(ईडी) ने मनी लॅान्ड्रिग और कोयले की लेवी की जांच करने के लिए सोमवार को रायपुर, भिलाई,बिलाईगढ़,धमतरी और खरोरा स्थित 15 ठिकानों पर छापे मारे थे। तलाशी में भिलाई विधायक देवेंद्र यादव, बिलाईगढ़ विधायक चंद्रदेव राय, प्रदेश कांग्रेस के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल, प्रदेश प्रवक्ता आरपी सिंह, भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष सन्नी अग्रवाल, खनिज विकास निगम के अध्यक्ष गिरीश देवांगन, विनोद तिवारी और धर्मेन्द्र यादव के ठिकानें शामिल थे।
पिछले सोमवार से चल रही छापेमारी
छत्तीसगढ़ में सोमवार सुबह से प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 6 कांग्रेस नेताओं के ठिकानों पर छापा मारा था। इसमें विधायक और पार्टी पदाधिकारी शामिल हैं। ED की छापेमार कार्रवाई का रायपुर में कांग्रेस जमकर विरोध कर किया। युवा कांग्रेस और NSUI के कार्यकर्ताओं ने ED मुख्यालय का घेराव कर दिया था। CRPF के जवानों के साथ प्रदर्शनकारियों की झड़प हुई। जिसके बाद जवानों ने लाठीचार्ज कर दिया था।ED की छापेमार कार्रवाई का विरोध करते हुए सोमवार शाम को रायपुर के प्रवर्तन निदेशालय मुख्यालय के बाहर युवक कांग्रेस और एनएसयूआई के नेताओं, कार्यकर्ताओं ने दफ्तर का घेराव कर दिया। जमकर हुए बवाल और हंगामे के बाद शाम करीब 6 बजे भीड़ यहां से वापस हुई थी। इस दौरान सीआरपीएफ जवानों के साथ प्रदर्शनकारियों की झड़प हुई। लाठियां भी चली। कुछ देर के लिए विरोध प्रदर्शन में हालात काफी बिगड़ गए थे। जवान को भी प्रदर्शनकारियों ने दबोच लिया। जैसे-तैसे मामला शांत कराया गया, मगर काफी देर तक कांग्रेसियों का विरोध प्रदर्शन चलता रहा।