बैगा की पत्नी की अनुसार आधी रात उनके खेत में बने घर में चार नकाबपोशों ने दस्तक दी। दरवाजा खुलते ही बैगा को खींचते बाहर निकालने के बाद पत्नी को घर में ही बंद कर दिया। बैगा को घसीटते हुए घर से 100 मीटर दूर खेत के बीच ले गए।

kanker- पुलिस की लाख कोशिशों के बावजूद आपराधिक घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। एक के बाद एक घटनाए आए दिन देखने को मिल रही हैं। शहर से 5 किमी दूर ग्राम पंचायत भावगीर नवागांव के आश्रित ग्राम घोटिया में एक बैगा की निर्मम हत्या की गई। बैगा की पत्नी की अनुसार आधी रात उनके खेत में बने घर में चार नकाबपोशों ने दस्तक दी। दरवाजा खुलते ही बैगा को खींचते बाहर निकालने के बाद पत्नी को घर में ही बंद कर दिया। बैगा को घसीटते हुए घर से 100 मीटर दूर खेत के बीच ले गए। वहां उसे एक पेड़ पर जिंदा ही ही फांसी पर टांग दिया। इसस उसकी मौत हो गई।
सुबह में परिजनों ने पुलिस को मामले की सूचना दी।

पुलिस ने लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। अज्ञात चार आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला भी दर्ज किया। पूरी घटना की प्रत्यक्षदर्शी बैगा की पत्नी महंतीन कुमेटी 60 साल ने बताया बीतीरात 12.30 बजे उनके घर में कुछ लोंगो ने दस्तक दी। दरवाजा खटखटाते हुए दरवाजा खोलने कहा। सभी सामान्य ग्रामीणों की तरह ही बात कर रहे थे। महिला ने जैसे ही दरवाजा खोला सामने चार नकाबपोश खड़े थे। इससे पहले की कुछ बात होती एक अंदर घुसा और बैगा दरयाब कुमेटी को पकड़ खींचते हुए बाहर निकालने लगा। पत्नी ने उसे छुड़ाने प्रयास किया लेकिन नकाबपोशों ने उसे पीछे ढकेल दरवाजा बाहर से बंद कर दिया।
बैगा का काम करता था मृतक दरियाव

मृतक दरियाव कुमेटी गांव का बैगा था और झाड़-फूंक का काम करता था, जिससे अंदेशा यह भी जताया जा रहा है कि जादू-टोने के शक में बुजुर्ग की हत्या की गई होगी। हालांकि अभी मामले की जांच की जा रही है। उसके बाद ही साफ हो सकेगा कि बुजुर्ग की इतनी बेरहमी से हत्या क्यों की गई है। मौके पर पहुंचे कांकेर एसडीओपी अनुराग झा ने बताया कि मृतक की पत्नी के बयान के आधार पर पुलिस अपनी जांच आगे बढ़ा रही है। डॉग स्क्वॉड की भी मदद ली जा रही है।
नकाबपोश बैगा को घसीटते हुए ले जाने लगे। उसके कपड़े फट गए और शरीर में कई जगह घसीटने से जख्म हो गए। खून भी बहने लगा। घर से 100 मीटर दूर एक पेड़ में उसे रस्सी से फंदे में लटका दिया। इसके बाद चारों नकाबपोश फरार हो गए। इस दौरान बैगा के पुत्र गांव में अपने अलग मकान में थे। बैगा की बुजूर्ग मां मनारो कुमेटी घर के बाहर परछी में ही सोई हुई थी। सुबह बाहर से दरवाजा बंद देख खोलकर बहू को बाहर निकाला जिसने पूरी घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल शुरू की। मौके से कुछ क्लू मिले हैं। ट्रेकर डाग की भी मदद ली गई।

वारदात से पहले बिजली सप्लाई भी काटी
हत्या को अंजाम देने से पहले आरोपी गांव में सन्नाटा होने के बाद पूरी तैयारी के साथ आए थे। बैगा को फांसी टांगने अपने साथ रस्सी लाए थे। पहचान छुपाने चेहरे को पूरी तरह कपड़े से ढंक रखा था। इसके बाद भी कोई पहचान न ले इसलिए में पहुंचने से पहले ही वहां की बिजली सप्लाई भी बंद कर दी। एक तरह से इसे नक्सली घटना का रूप देने कोशिश की गई, लेकिन परिजनों व ग्रामीणों ने इससे इंकार किया है।
जादू टोना की आशंका
जब हत्यारे बैगा को घर से बाहर खींच रहे थे तब वह यही बात कह रहा था उसकी क्या गलती है। मैं तो कोई गलती नहीं किया हूं। बैगा का एसा कहना कई संदेहों को जन्म दे रहा है। आशंका है जादू टोना के शक के चलते या फिर परिवार में कोई विवाद के चलते हत्या हुई है।
कई घंटे बाद दी सूचना
बैगा की हत्या का मामला काफी उलझा हुआ है। एक ओर पत्नी उनके घर पहुंचे लोगों को पहचानने व किसी से विवाद से इंकार कर रही है। जब आरोपियों ने दरवाजे पर दस्तक दी तो पत्नी बैगा को पीछे कर स्वयं सामने आई जबकि कोई उनके घर आता तो बैगा ही दरवाजा खोलता था। पत्नी के अनुसार रात होने के कारण डर के चलते पति काे पीछे कर सामने आई। उसे किसका डर था यह खुलासा नहीं हो पाया है। सुबह पांच से 6 बजे के बीच ही लाश को खेत में बरामद कर लिया गया था, लेकिन पुलिस को 11 बजे सूचना दी गई। मामसेमें टीआई शरद दुबे ने बताया घोटिया में ग्रामीण की हत्या को लेकर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध किया गया है। कुछ एंगल हैं जो घटना से जुड़ रहे हैं। बारीकी से एनालिसिस किया जा रहा है। जल्द ही हत्या का खुलासा हो जाएगा।
कोरबा में भी गुरुवार को मिली थी महिला की फांसी पर लटकी लाश
कोरबा के तिवरता-झाबर मार्ग पर गुरुवार सुबह महिला की खून से लथपथ लाश फांसी के फंदे पर लटकी हुई मिली थी। कोसाबाड़ी नर्सरी में लाश की खबर मिलते ही वहां स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी दीपका पुलिस को दी। पूरा मामला जिले के दीपका थाना क्षेत्र का है। इधर सूचना मिलते ही दीपका पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। मृत महिला की पहचान ग्राम झाबर के आमापारा मोहल्ले की रहने वाली जैत कुंवर (44 वर्ष) के रूप में हुई है। महिला के पति शंकर कंवर की मौत कई सालों पहले हो चुकी है। लाश सड़क किनारे पेड़ पर फंदे पर लटकी हुई मिली। घटनास्थल से थोड़ी ही दूरी पर मृतका की चप्पल और चूड़ी का टुकड़ा मिला। महिला के 3 बेटे हैं, जो गांव में ही अलग-अलग रहते हैं। सभी अविवाहित हैं और मजदूरी करते हैं।
कोरबा जिले में बुजुर्ग की हुई थी हत्या
कोरबा जिले के रजगामार चौकी क्षेत्र में 17 दिसंबर को हुई बालको के रिटायर्ड कर्मचारी की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया। 73 वर्षीय बुजुर्ग बालेश्वर चौबे की हत्या भुलसीडीह के झोरखी फार्म हाउस पर कर दी गई थी। अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाने में पुलिस ने डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक एक्सपर्ट की मदद ली। आखिरकार 18 दिन के बाद पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए 3 जनवरी को आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया।
ढोढ़ीपारा निवासी बालेश्वर चौबे बालको का रिटायर्ड कर्मचारी था। रिटायर होने के बाद से वो भुलसीडीह के झोरखी स्थित फार्म हाउस पर ही रहता था। उसके 3 बेटे और एक बेटी है। बड़ा बेटा केदारनाथ चौबे निजी कंपनी में चौकीदारी करता है। दूसरा बेटा राजेश चौबे का खुद का टेंट हाउस है। तीसरा बेटा पुष्पेंद्र चौबे है। दो बड़े बेटे कोरबा के ढोढ़ीपारा बस्ती में रहते हैं, वहीं छोटा बेटा बिहार के अररिया जिले में ही रहकर खेती करता है। मृतक बालेश्वर का परिवार बिहार के अररिया जिला चौबेटोला थाना भोरे का रहने वाला है।