करनाल के असंध-पानीपत मार्ग पर मूनक के पास नहर के ऊपर से गुजरने वाला पुल बुधवार को अचानक गिरने से बड़ा हादसा टल गया। शुक्र है कि किसी को कोई चोट नहीं आई। वरना बड़ा हादसा हो सकता था। मौके पर इंजीनियर समेत आला अधिकारी जांच के लिए पहुंचे। उधर, लोगों का आरोप है कि पुल के निर्माण में घटिया सामग्री लगाई जा रही थी। जिसकी वजह से पुल बनने से पहले ही गिर गया। पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा ढाई महीने से चल रहा था पुल का निर्मााण कार्यघटना बुधवार रात दस बजे की है। पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा मूनक के पास छह हजार नंबर पुल का निर्माण कार्य करीब ढाई महीने से चल रहा है। डबल पुल के कार्य का लगभग 70 फीसद काम पूरा हो चुका था। बाकी एक लाइन पर लेंटर डालने का कार्य किया जा रहा था। बुधवार को लेबर ने लेंटर डालने के लिए सैटरिंग बिछाई थी। रात करीब दस बजे अचानक से पुल गिरने की लोगों ने आवाज सुनी तो भगदड़ मच गई।
पुल का लेंटर डालने का चल रहा था काम बुधवार रात को हो गया हादसालेबर और कर्मचारियों ने जैसे-तैसे खुद की जान बचाई। सूचना पर पीडब्ल्यूडी के इंजीनियर जांच के लिए मौके पर पहुंचे। अधिकारियों का मानना है कि पुल कच्ची सैटरिंग की वजह से गिरा है। ठेकेदार से भी अधिकारियों से भी इस मामले में पूछताछ की जा रही है। उधर, लोगों का आरोप है कि पुल के निर्माण कार्य में घटिया सामग्री लगाई गई। पुल बनने से पहले ही गिरा गया। इस हादसे के बाद अधिकारियों की पोल खुली है। शुक्र है कि पुल बनने से पहले नहीं गिरा। वरना बड़ा हादसा हो सकता था।वैकल्पिक पुल से गुजरते है लोगनहर के ऊपर से पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा डबल पुल का निर्माण कार्य किया जा रहा है। लोगों के आवागमन के लिए पुराना वैकल्पिक पुल है। जिस पर वाहनों का आवागमन रहता है। नहर बंद होने पर डबल पुल का निर्माण कार्य किया जाता है। इस समय पुल के निर्माण के लिए नहर का पानी के रोका गय है। ताकि इस बीच जल्द से जल्द पुल का निर्माण कार्य पूरा किया जा सके।अधिकारी के अनुसारमामले की जांच की जा रही है और ठेकेदार से भी पुल के गिरने के बारे में पूछताछ की जा रही है। अभी तक की जांच में सामने आया है कि पुल कच्ची सैटरिंग की वजह से गिरा है। – संदीप गोयल, एसई पीडब्ल्यूडी।