राजनांदगांव। वनांचल में एक साथ 50 से अधिक पक्षियों की मौत ने पक्षी प्रेमियों में दहशत फैला दी। खेत का जहरीला पानी पीने से पक्षियों की मौत होना बताया गया है। हालांकि इसकी पुष्टी नहीं हो पायी हैं। मामला जिले के अंबागढ़ चौकी ब्लाक के ग्राम जरहाटोला का है। जहां किसान बनऊराम नेताम के खेत पर एक साथ 50 से अधिक पक्षी मृत अवस्था में खेत में मिला। किसान बनऊराम जब खेत का निरीक्षण करने पहुंचा तो पक्षियों को मृत देखकर हतप्रभ रह गया। उसने तत्काल ग्रामीणों को इसकी सूचना दी। इसके बाद पक्षी प्रेमी ग्रामीणों ने पशु चिकित्सा विभाग को जानकारी देकर गांव बुलाया। पशु चिकित्सा विभाग ने मृत पक्षियों का पोस्टमार्टम किया। वहीं खेत से पानी का सेंपल लेकर जांच के लिए रायपुर भेजा है। अभी तक पक्षियों की मौत का कारण खेत में जहरीला पानी पीने से होना बताया गया है।
अंबागढ़ चौकी से करीब 17 किमी दूर जरहाटोला गांव के किसान बनऊराम नेताम के पास तीन एकड़ का खेत है। जिसमें किसान बनऊराम ने धान की फसल लगाई है। कुछ दिन पहले ही किसान बनऊराम ने कीटनाशक लेकर खेत में छिड़काव किया। बताया गया कि उसी खेत का पानी पीने से पक्षियों की एक-एक कर मौत हो गई। बड़ी संख्या में पक्षियों की मौत होने से ग्रामीण भी सकते में आ गए। किसान बनऊराम से भी पूछताछ की गई, जिसमें उसने बताया कि खेत में दवाई का छिड़काव करने के लिए उसे किसी ने कीटनाशक दिया था। अब किसने उसे कीटनाशक दिया। कौन सी कंपनी का कीटनाशक था? यह जांच का विषय है। पशु चिकित्सक डा. शैलेंद्र ठाकुर ने कहा कि पक्षियों की मौत कीटनाशक सेवन से ही हुई है। मृत पक्षियों में सबसे ज्यादा तोता ही है। चिल्हाटी के पशु औषधालय में सभी मृत पक्षियों का पोस्ट मार्टम किया गया। डा. शैलेंद्र ठाकुर ने कहा कि कीटनाशक कौन सा है। इसकी जांच की जा रही है।