झारखंड व छत्तीसगढ़ बॉर्डर पर स्थित हरपुरा ग्राम पंचायत रामलीला मैदान में खड़ी यूपी रोडवेज की बस शनिवार की रात आग लग गई। धू-धूकर जलती बस को देख अफरा तफ़री मच गई। बस के अंदर सो रहे चालक और परिचालक ने कूदकर जान बचाई। ग्रामीणों के अथक प्रयास से आग पर काबू पाया गया। आग कैसे लगी, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। घटना में बस का अगला हिस्सा बुरी तरह जलकर नष्ट हो गया है। सोनभद्र डिपो के एआरएम ने मौके पर पहुंचकर छानबीन की और सूचना पुलिस को दी। झारखंड और छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती क्षेत्र के गांवों को परिवहन सेवा से जोड़ने के लिए यूपी परिवहन के सोनभद्र डिपो की लोहिया ग्रामीण बस सेवा का संचालन होता है। बस रोजाना सुबह बैरखड़ से बनारस के लिए जाती है। शनिवार की रात करीब साढ़े 10 बजे बनारस से लौटने के बाद चालक धर्मेंद्र प्रसाद ने बस को रोज की तरह हरपुरा गांव के रामलीला मैदान में खड़ा कर दिया। खाना खाने के बाद चालक धर्मेंद्र और परिचालक अनिरुद्ध बस के अंदर ही सो गए। रात्रि लगभग एक बजे बस जलने से उन्हें घुटन महसूस होने लगा। तब देखा कि बस में आग लग गई है। शोरगुल मचाते हुए ग्रामीणों के सहयोग से किसी तरह आग बुझाया। हालांकि तब तक बस बुरी तरह से जल चुकी थी। रविवार की सुबह जानकारी पाकर सोनभद्र डिपो के एआरएम विश्राम प्रसाद मौके पर पहुंचे और छानबीन की। एआरएम ने बताया कि बस में किन परिस्थितियों में आग लगी, कहा नहीं जा सकता। आग से बस का इंजन, केबिन, शीशा, सीट आदि जलने से करीब दो लाख की क्षति हुई है। इसकी सूचना थाने को अज्ञात लोगों के खिलाफ लिख कर दी गई है। वहीं थानाध्यक्ष अरविंद कुमार गुप्ता ने कहा कि प्रार्थना पत्र के तहत समुचित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर घटना की जांच की जाएगी।