० बजरंगियों ने जाना गीता का महत्व
राजनांदगांव। विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल ने जिला कार्यालय राजनांदगांव में बड़े ही आदर और गौरवान्वित रूप से गीता जयंती का पर्व मनाया। विश्व हिंदू परिषद के लिए यह पर्व संगठन के महत्वपूर्ण कार्यों में से एक है, क्योंकि इसी दिन जब कौरवों और पांडवों के बीच कुरुक्षेत्र में महाभारत का युद्ध हुआ तो कौरवों की सेना देख अर्जुन के मन में विषाद उत्पन्न हो गया, तब भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता उपदेश दिए। कहा जाता है कि यह दिन मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी का दिन था, इसलिए हर साल इस तिथि को गीता जयंती मनाई जाती है। विहिप बजरंग दल के समस्त पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने श्रीकृष्णा एवं अर्जुन के कुरुक्षेत्र वाले चलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर दीप प्रज्ज्वलित कर आरती उतारी तथा महत्वपूर्ण वक्तव्यों से बजरंगियों ने गीता के ज्ञान का अमृतपान किया।
विश्व हिंदू परिषद के प्रांत सत्संग प्रमुख कृष्णा शुभम महाराज ने बताया कि हिंदू धर्म में कई पुराण, वेद और ग्रंथ हैं, लेकिन श्रीमद् भागवत गीता को 18 महापुराणों में महत्वपूर्ण माना गया है। साथ ही यह एकमात्र ऐसा ग्रंथ है, जिसकी जयंती मनाई जाती है, क्योंकि लगभग अन्य सभी ग्रंथों को ऋषि मुनियों द्वारा लिखा गया है, लेकिन गीता ग्रंथ श्रीकृष्ण के उपदेश पर आधारित है। श्रीमद् भागवत महाभारत का ही अंग है।
बजरंग दल के जिला संयोजक सुनील सेन ने बताया कि संगठन प्रति वर्ष मानव के जीवन को व्यवस्थित रूप से नियोजित करने वाली गीता जो हिंदू धर्म का ग्रंथ है, उसकी उत्पति के दिवस को हर्षोल्लास के साथ मानता है। साथ ही गीता ऐसा ग्रंथ है जिसके उपदेश में कई समस्या के हल छिपे हैं, जिस प्रकार श्रीकृष्ण के उपदेश से ही अर्जुन द्वारा महाभारत का युद्ध जीतना संभव हो सका, ठीक उसी तरह गीता ज्ञान से व्यक्ति भी कठिन परिस्थितियों को हरा कर जीत हासिल कर सकता है।
उक्त कार्यक्रम में विहिप प्रांत सह मंत्री नंदूराम साहू, प्रांत सत्संग प्रमुख कृष्णा शुभम महाराज, विभाग सह मंत्री सुशील लड्ढा, विहिप जिला अध्यक्ष ओम प्रकाश अग्निहोत्री, जिला सह मंत्री अनूप श्रीवास, संपर्क प्रमुख लाल मुनाई सिंह, विभाग सह संयोजक गोविंदा यादव, बजरंग दल जिला संयोजक सुनील सेन, जिला गौ रक्षा अंशुल कसार, साप्ताहिक मिलन प्रमुख आशीष तिवारी सहित विहिप नगर उपाध्यक्ष अंकित खंडेलवाल, नगर मंत्री बाबाजी मेश्राम, अखिलेश गुप्ता, वरुण पांडे, बजरंग दल के नगर गौरक्षा प्रमुख राहुल ताम्रकार, अखाड़ा प्रमुख भावेश निर्मलकर, राघवेन्द्र मिश्रा, धंजय शुक्ला, प्रणय मुल्लेवार, दक्ष सिन्हा, राघव ठक्कर, गौरव शर्मा आदि बजरंगीगण उपस्थित रहे।