छत्तीसगढ़राजनीति

आर्थिक दिवालियापन की तरफ जा रहा छत्तीसगढ़-डा. रमन सिंह

बिलासपुर। पूर्व मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने कहा है कि वर्तमान में प्रदेश की परिस्थिति बेहद चिंताजनक है। भूपेश सरकार के चार वर्ष पूरे हो गए हैं। इन चार वर्षों में प्रदेश कहां खड़ा है। लूट, हत्या व दुष्कर्म के मामलों में प्रदेश राष्ट्रीय स्तर पर चौथे नंबर पर पहुंच गया है। कानून व्यवस्था की स्थिति चौपट है। छत्तीसगढ़ आर्थिक दिवालियापन की तरफ जा रहा है।

पूर्व सीएम डा. रमन सिंह बिलासपुर लोकसभा क्षेत्र के तीन दिवसीय प्रवास थे। मस्तूरी व बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के दौरे के बाद शुक्रवार को पत्रकारों से चर्चा की। एक सवाल के जवाब में राज्य सरकार पर जमकर निशाना साधा। पूर्व सीएम ने कहा कि राज्य सरकार चार वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर गौरव दिवस मना रही है। किसका गौरव और कैसा गौरव। राष्ट्रीय मापदंड पर छत्तीसगढ़ की भद पीट रही है। भ्रष्टाचार, घोटाला, हत्या, लूट और दुष्कर्म की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। इन मामलों में प्रदेश राष्ट्रीय स्तर पर चौथे नंबर पर है। प्रदेश पर 55 हजार करोड़ स्र्पये का कर्ज है। कोयला घोटाला, सीमेंट पर अवैध वसूली, शराब माफिया, भू माफिया और रेत माफिया का आतंक दिनोंदिन बढ़ता जा रहा है। भय और आतंक का माहौल ऐसा कि अब बाहर से शूटर आ रहे हैं।

हत्या कर रहे हैं और पुलिस को चकमा देकर प्रदेश के बाहर फरार होने में सफल भी हो रहे हैं। नए-नए तरीके और अपराध के नए-नए मामले सामने आ रहे हैं। राज्य सरकार पर आरोप लगाते हुए पूर्व सीएम ने कहा कि सरकार जनहितैषी योजनाओं को बंद कर रही है। गरीबों का आवास तक नहीं बन पा रही है। भाजपा शासनकाल में गरीबों के लिए चलाई जा रही महत्वपूर्ण योजनाओं को बंद कर दिया गया है। राज्य की सत्ता हासिल करने के लिए लोगों से 36 वायदे कर भूपेश सरकार ने केवल झूठ बोला है। किसानों को दो साल का बोनस, शराबबंदी, बेरोजगारी भत्ता, पेंशन जैसी योजनाओं को खटाई में डाल दिया है। इस सरकार ने दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को भी ठगा है। स्व सहायता समूह की महिलाओं से भी काम छीन लिया है।

राज्य सरकार के कामकाज पर टिप्पणी करते हुए पूर्व सीएम ने कहा कि प्रदेश में सबसे महत्वपूर्ण अमला राजस्व होता है। इससे छोटे से लेकर बड़े सभी को काम पड़ता है। वर्तमान में राजस्व अमले के कामकाज को लेकर जमकर टिप्पणी हो रही है। मैदानी अमले से सब परेशान हैं। राजस्व विभाग में भारी वसूली हो रही है। आलम ये कि पटवारी का रेट अब लाखों स्र्पये हो गया है। जनहितैषी सरकार का मुखड़ा लगाए भूपेश सरकार को इसे संज्ञान में लेना चाहिए।

भाजपा सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं को सरकार ने बंद कर दिया है। 18 लाख गरीब परिवार आवासहीन हो गए हैं। भूपेश सरकार ने इसे वापस कर दिया है। गरीबों के प्रति उनकी संवेदना क्या है, यह समझा जा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *